दोस्तों कभी-कभी ज़िंदगी हमें यह सिखाने के लिए कठोर हो जाती है कि हर रिश्ता निभाने की ज़िम्मेदारी सिर्फ़ हमारी नहीं होती। हम मज़बूत बनते-बनते इतने थक जाते हैं कि यह भूल जाते हैं, Strong रहना और टूटते रहना, दोनों में फ़र्क होता है। हर जगह adjust करना महानता नहीं, कई बार यह आत्मसम्मान की कीमत पर...